Skip to content
BREAKING

13 साल से दूध नदी की सफाई, 164 लावारिस शवों का किया अंतिम संस्कार, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कांकेर के समाजसेवी अजय मोटवानी को भेजा पत्र

13 साल से दूध नदी की सफाई, 164 लावारिस शवों का किया अंतिम संस्कार, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कांकेर के समाजसेवी अजय मोटवानी को भेजा पत्र
📷 Surya Nevendra

कांकेर। समाज सेवा का जज्बा हो तो इंसान अपने छोटे-छोटे प्रयासों से भी समाज में बड़ी मिसाल कायम कर सकता है। उत्तर बस्तर कांकेर के समाजसेवी अजय पप्पू मोटवानी वर्षों से ऐसे ही सेवा कार्यों में जुटे हुए हैं। उनके इसी समर्पण और सामाजिक योगदान की सराहना अब प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भी की है। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री ने व्यक्तिगत पत्र भेजकर उनके सेवा कार्यों की प्रशंसा की और उन्हें शुभकामनाएं दीं।

मुख्यमंत्री ने अपने पत्र में लिखा कि अपनी दुकान की जिम्मेदारियों के साथ शहर की स्वच्छता और जरूरतमंदों की सहायता के लिए वर्षों से समय निकालना बेहद सराहनीय है। अजय मोटवानी पिछले 13 वर्षों से दूध नदी की सफाई के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। दूध नदी और गढ़िया पहाड़ के प्रति उनके लगाव को जानकर मुख्यमंत्री ने विशेष प्रसन्नता व्यक्त की।

पत्र में नदी और तालाबों की सफाई, पौधारोपण तथा पौधों के वितरण में उनके योगदान की भी सराहना की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके ये प्रयास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत के संकल्प को स्थानीय स्तर पर आगे बढ़ाने का काम कर रहे हैं।

अजय मोटवानी की समाज सेवा का एक और संवेदनशील पहलू है। वे अब तक 164 लावारिस मृतकों का पूरे सम्मान के साथ अंतिम संस्कार कर चुके हैं। मुख्यमंत्री ने इस मानवीय सेवा के प्रति विशेष सम्मान व्यक्त किया। इसके अलावा पत्र में बीसोबाई का भी उल्लेख किया गया है, जिनकी आंखों की समस्या के दौरान अजय मोटवानी ने आर्थिक सहायता और ऑपरेशन में सहयोग किया। उनके प्रयासों से बीसोबाई दोबारा काम करने में सक्षम हुईं।

मुख्यमंत्री ने उनके इस संकल्प की भी सराहना की कि वे आजीवन समाज सेवा से जुड़े रहेंगे और इन कार्यों के लिए किसी से चंदा नहीं लेंगे। पत्र में कांकेर को स्वच्छ, सुंदर और विकसित बनाने के साथ रोजगार एवं विकास के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की उनकी सोच का भी उल्लेख किया गया है।

मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि विकसित भारत और विकसित छत्तीसगढ़ 2047 के संकल्प में हर अंचल की तरक्की के साथ प्राकृतिक धरोहरों का संरक्षण भी जरूरी है।

इधर, मुख्यमंत्री का व्यक्तिगत पत्र मिलने पर समाजसेवी अजय पप्पू मोटवानी ने खुशी जाहिर करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का यह पत्र उनके लिए बड़ी प्रेरणा है। वे आगे भी इसी समर्पण और भावना के साथ समाज सेवा के कार्यों में जुटे रहेंगे।

13 वर्षों से नदी की सफाई और 164 लावारिस शवों को सम्मानजनक अंतिम विदाई देने वाले अजय मोटवानी का यह प्रयास समाज के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण है।

ShareXFacebook
C
City Desk · Reporter

Ground reports from your city. Replace with your reporters in News Desk → Authors.